फरीदपुर में सरेआम फायरिंग: दो पक्षों के संघर्ष में राहगीर युवक को लगी गोली, हालत गंभीर…
सत्यम गौड़। फरीदपुर
कस्बे के पितांबरपुर रेलवे क्रॉसिंग पर मंगलवार शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब दो पक्षों के बीच चल रहे खूनी संघर्ष के दौरान अचानक फायरिंग हो गई। इस फायरिंग की चपेट में आकर एक निर्दोष राहगीर युवक गंभीर रूप से घायल हो गया।
बताया जाता है कि लाइन पार ओसड़ रोड़ निवासी विशाल मौर्य अपने दोस्त के साथ घरेलू सामान खरीदने फरीदपुर बाजार जा रहा था। जैसे ही वह पितांबरपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास पहुंचा, वहां पहले से ही टेंपो चालक विकास यादव और दूसरे पक्ष के लोगों के बीच लाठी-डंडों से मारपीट चल रही थी।

बचकर निकल रहे युवक को लगी गोली
विशाल झगड़े से बचते हुए वहां से निकलने की कोशिश कर रहा था, तभी अचानक किसी ने फायरिंग कर दी। 315 बोर की गोली विशाल की जांघ को चीरते हुए पार निकल गई। गोली लगते ही वह चीखते हुए सड़क पर गिर पड़ा, जिससे मौके पर भगदड़ मच गई।
पुलिस ने पहुंचाया अस्पताल, हालत गंभीर
घटना की सूचना मिलते ही सीओ संदीप सिंह और इंस्पेक्टर राधेश्याम पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। घायल को तुरंत फरीदपुर सीएचसी ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत गंभीर देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
रंगदारी के विवाद में चली गोली
स्थानीय लोगों के अनुसार, लाइन पार मठिया क्षेत्र में टेंपो स्टैंड पर अवैध वसूली को लेकर आए दिन विवाद होता रहता है। आरोप है कि कुछ दबंग टेंपो चालकों से रंगदारी वसूलते हैं। मंगलवार को भी इसी बात को लेकर विकास यादव और दूसरे पक्ष के बीच विवाद बढ़ गया, जो देखते ही देखते खूनी संघर्ष और फायरिंग में बदल गया।
रेलवे क्रॉसिंग बंद होने से बढ़ी समस्या
ओवरब्रिज निर्माण के चलते पितांबरपुर रेलवे क्रॉसिंग वाहनों के लिए बंद है, जिससे यहां पैदल आवागमन ज्यादा हो गया है। भीड़भाड़ के बीच इस तरह की घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
पुलिस दबिश जारी, आरोपी फरार
पुलिस ने मामले में आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है और कई जगह दबिश दी जा रही है, हालांकि अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। सीओ संदीप सिंह ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी के निर्देश दिए हैं।
लोगों की मांग: बने पुलिस बूथ
घटना के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश है। उनका कहना है कि इलाके में पुलिस की नियमित मौजूदगी नहीं होने से अपराधी बेखौफ हो गए हैं। लोगों ने पितांबरपुर रेलवे क्रॉसिंग पर स्थायी पुलिस बूथ बनाने की मांग की है।
सवाल बरकरार:
आखिर कब तक बेगुनाह लोग इस तरह की घटनाओं का शिकार होते रहेंगे? और कब प्रशासन इन दबंगों पर नकेल कसेगा?









