फरीदपुर चेयरमैन व लिपिक की जांच को रिमाइंडर जारी…
सत्यम गौड़। फरीदपुर
नगर पालिका परिषद फरीदपुर के चेयरमैन और लेखा लिपिक पर लगे अनियमितताओं व भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच को लेकर प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। चार सदस्यीय जांच समिति के गठन के बावजूद अब तक रिपोर्ट प्रस्तुत न किए जाने पर एडीएम प्रशासन ने समिति को रिमाइंडर जारी कर संयुक्त जांच आख्या शीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
जानकारी के अनुसार नगर पालिका परिषद फरीदपुर में वित्तीय अनियमितताओं और नियमों की अनदेखी के गंभीर आरोप लगाए गए थे। इन आरोपों में कीटनाशक दवाओं का भुगतान बिना सत्यापन किए करने, नियमों के विपरीत दोबारा खरीद दर्शाने, सिविल कार्य कराने वाले ठेकेदारों से सामग्री क्रय करने तथा फॉगिंग मशीन की मरम्मत जैसे कार्यों का भुगतान सिविल ठेकेदार के माध्यम से किए जाने जैसी शिकायतें शामिल हैं।
इन शिकायतों की जांच के लिए चार सदस्यीय समिति गठित की गई थी, लेकिन समिति द्वारा अब तक स्पष्ट और संतोषजनक रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं की गई। इस पर एडीएम प्रशासन ने समिति को रिमाइंडर जारी करते हुए जांच प्रक्रिया में तेजी लाने को कहा है।
सूत्रों के मुताबिक, इस मामले में 12 जून 2025 को भेजी गई रिपोर्ट को भी स्पष्ट और संतोषजनक नहीं माना गया था। भ्रष्टाचार के आरोपों की गंभीरता को देखते हुए नगर विकास मंत्री के निर्देश पर एडीएम स्तर के अधिकारी की अध्यक्षता में समिति गठित कर निष्पक्ष जांच कराने को कहा गया था।
प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट प्राप्त होते ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, मामले को लेकर नगर पालिका में हलचल बनी हुई है और स्थानीय स्तर पर भी चर्चा का विषय बना हुआ है।




