फरीदपुर में राशन मांगने पर लाभार्थी से मारपीट: कोटेदार पर गंभीर आरोप, आरोपित पर कार्रवाई की मांग…
सत्यम गौड़। फरीदपुर
बरेली जनपद के फरीदपुर ब्लॉक अंतर्गत ग्राम बेहरा में सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान पर गंभीर अनियमितता और अमानवीय व्यवहार का मामला सामने आया है। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा पारदर्शी और सम्मानजनक राशन वितरण के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद, यहां एक पात्र लाभार्थी के साथ कथित रूप से मारपीट और जान से मारने की धमकी दिए जाने का आरोप लगा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम बेहरा निवासी बाबू खां 14 जनवरी 2026 को अपने निर्धारित राशन के लिए गांव की सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान पर पहुंचे थे। आरोप है कि राशन वितरण के दौरान कोटेदार द्वारा उन्हें नियमानुसार मिलने वाले गल्ले से कम राशन दिया जा रहा था। जब बाबू खां ने इसका विरोध किया और सरकारी मानकों के अनुसार पूरा राशन देने की मांग की, तो कोटेदार और उसके सहयोगी कथित रूप से भड़क गए।
पीड़ित बाबू खां का आरोप है कि विरोध करने पर कोटेदार और उसके सहयोगियों ने उनके साथ बेरहमी से मारपीट की। इतना ही नहीं, शिकायत करने पर गंभीर परिणाम भुगतने और जान से मारने की धमकी भी दी गई। घटना के बाद से बाबू खां और उनका परिवार भय और दहशत में है।
घटना के बाद पीड़ित ने अपनी जान की सुरक्षा और न्याय की मांग को लेकर फरीदपुर थाना पुलिस को लिखित तहरीर दी है। उन्होंने दबंग कोटेदार और उसके सहयोगियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी अन्य गरीब या पात्र लाभार्थी के साथ इस तरह का व्यवहार न हो।
यह मामला प्रदेश सरकार की उस नीति के विपरीत है, जिसके तहत गरीबों और कमजोर वर्गों को सम्मानजनक, पारदर्शी और निर्बाध राशन वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। सरकार स्पष्ट कर चुकी है कि राशन वितरण में किसी भी प्रकार की अनियमितता, दबंगई या उत्पीड़न को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अब देखना यह है कि प्रशासन और पुलिस इस मामले में कितनी तत्परता और निष्पक्षता से कार्रवाई करते हैं। ग्रामीणों में भी इस घटना को लेकर रोष है और वे दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।




