कलेक्टर और एसपी ने उप जेल सारंगढ़ का किया निरीक्षण, व्यवस्थाओं और सुरक्षा का लिया जायजा

सारंगढ़-बिलाईगढ़, 8 अगस्त 2026। कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू एवं पुलिस अधीक्षक सुनील शर्मा ने शनिवार को सारंगढ़ उप जेल का निरीक्षण कर जेल की सुरक्षा व्यवस्था, बंदियों की सुविधाओं तथा निर्माण कार्यों की स्थिति का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान दोनों अधिकारियों ने जेल प्रशासन से आवश्यक जानकारी लेते हुए व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने के लिए जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
कलेक्टर एवं एसपी ने सबसे पहले जेल परिसर में चल रहे बैरक निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति और सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी संबंधित अधिकारियों से ली। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि निर्माण कार्य के दौरान जेल की सुरक्षा व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही न हो और सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने जेल में निरुद्ध बंदियों की संख्या, उनके रहने की व्यवस्था, भोजन, स्वास्थ्य सुविधा सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की जानकारी जेलर से ली। जेलर द्वारा बताया गया कि उप जेल में निरुद्ध अधिकांश बंदी स्थानीय सारंगढ़ क्षेत्र के हैं।
बंदियों के स्वास्थ्य को लेकर कलेक्टर ने सारंगढ़ बीएमओ को महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जेल में निरुद्ध बंदियों का नियमित रूप से मेडिकल टीम के माध्यम से रूटीन स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाए, ताकि किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या का समय पर पता लगाकर आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जा सके। स्वास्थ्य सेवाओं में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश भी दिए गए।
कलेक्टर पद्मिनी भोई साहू एवं एसपी सुनील शर्मा ने जेल में निरुद्ध बंदियों से सीधे बातचीत भी की। अधिकारियों ने बंदियों से उनकी दैनिक दिनचर्या, भोजन की गुणवत्ता, स्वास्थ्य सुविधाओं तथा अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी ली। अधिकारियों ने जेल प्रशासन को निर्देशित किया कि बंदियों को नियमानुसार आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं और उनकी मूलभूत जरूरतों का ध्यान रखा जाए।
निरीक्षण के दौरान प्रशासन एवं पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इनमें एसडीएम सारंगढ़ उमेश कुमार साहू, सीएमएचओ डॉ. पुष्पेंद्र कुमार वैष्णव, डॉ. रामलाल सिदार, पीडब्ल्यूडी के अधिकारी, एडिशनल एसपी निमिषा पाण्डेय, सिटी कोतवाली थाना प्रभारी प्रमोद यादव सहित पुलिस एवं संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे।
अधिकारियों के इस निरीक्षण को जेल की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के साथ-साथ बंदियों को बेहतर स्वास्थ्य एवं मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
















