बगमल्ला पंचायत में ₹12 लाख के मुरुम परिवहन भुगतान पर सवाल, 2400 ट्रिप के बिलों ने खड़े किए कई संदेह…

सारंगढ़-बिलाईगढ़ | आवाम की आवाज़ न्यूज़ ||भुनेश्वर निराला
सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले की ग्राम पंचायत बगमल्ला में 15वें वित्त आयोग की राशि के उपयोग को लेकर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। सामने आए दस्तावेजों के अनुसार, एक निजी फर्म ‘जय ट्रेडर्स’ के नाम से मुरुम एवं मिट्टी परिवहन के लिए कुल 12 लाख रुपये के चार बिल जारी किए गए हैं। इन बिलों को लेकर ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने वित्तीय अनियमितता की आशंका जताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है।
दस्तावेजों के अनुसार, चारों बिलों की राशि 3-3 लाख रुपये है और सभी एक ही दिनांक पर जारी किए गए बताए जा रहे हैं। बिलों में कुल 2400 ट्रिप मुरुम और मिट्टी परिवहन का उल्लेख है। इसी को लेकर सवाल उठ रहे हैं कि इतनी बड़ी मात्रा में खनिज परिवहन के लिए आवश्यक वैध रॉयल्टी, खनन अनुमति और अन्य दस्तावेज उपलब्ध थे या नहीं।
विवाद का एक और पहलू यह भी है कि जिस फर्म के नाम से बिल जारी हुए हैं, वह सामान्यतः निर्माण सामग्री जैसे सीमेंट, सरिया, ईंट, सेनेटरी और इलेक्ट्रिकल सामान का कारोबार करती बताई जाती है। ऐसे में यह सवाल उठ रहा है कि क्या फर्म के पास मुरुम परिवहन और संबंधित कार्य करने के लिए आवश्यक वैधानिक अनुमति थी।
मामले में सरपंच के कथित बयान के बाद भी कई नए सवाल खड़े हो गए हैं। आरोप है कि पंचायत कार्यों में निजी फर्म की भूमिका और भुगतान प्रक्रिया नियमों के अनुरूप थी या नहीं, इसकी भी जांच होनी चाहिए।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन, जनपद पंचायत और खनिज विभाग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, संबंधित दस्तावेजों की पड़ताल करने और आमाकछार से बरकछार मार्ग पर हुए कार्य का भौतिक सत्यापन कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जांच में किसी प्रकार की अनियमितता या वित्तीय गड़बड़ी सामने आती है तो जिम्मेदार अधिकारियों एवं संबंधित पक्षों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।
फिलहाल इस मामले में प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक जांच रिपोर्ट या अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है। ऐसे में आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।




















