Categories

Recent Posts

Social menu is not set. You need to create menu and assign it to Social Menu on Menu Settings.

05/02/2026

कलेक्टर डाॅ. कन्नौजे ने कौशल विकास के ट्रेनिंग कोर्स का अवलोकन किया जीडीए निःशुल्क कोर्स में दी जा रही बालिकाओं को नर्स जैसी ट्रेनिंग

Spread the love



सारंगढ़ बिलाईगढ़, 30 जनवरी 2026/ राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (एनएसडीसी) की ओर से जिला कौशल विकास प्राधिकरण सारंगढ़ बिलाईगढ़ द्वारा स्वास्थ्य के क्षेत्र में सामान्य कार्य सहायक (जीडीए) का कोर्स सारंगढ़ के निजी जेएसएम मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल में गुरु अर्जन चेरिटेबल ट्रस्ट द्वारा संचालित है, जहां छात्रों को अस्पतालों, नर्सिंग होम और होम केयर में नर्सिंग सहायक के रूप में काम करने का प्रशिक्षण मिल रहा है। यह निःशुल्क कोर्स दिसंबर से जून 2026 तक संचालित है। इसमें 27 बच्चों का बैच है। इस कोर्स के लिए योग्यता 12वी उत्तीर्ण होना चाहिए।

कलेक्टर ने कहा कि सभी विद्यार्थी यह सुनिश्चित कर लें कि वे नियमित कोर्स का प्रशिक्षण लेने आएंगे ताकि 75 प्रतिशत उपस्थिति हो। कलेक्टर ने कहा कि यदि 75 प्रतिशत छात्राओं की उपस्थिति नहीं होगी तो बोर्ड उन्हें परीक्षा में बैठने की अनुमति नहीं देता तब कोर्स का प्रमाण पत्र आदि का नुकसान होगा। कलेक्टर डाॅ. संजय कन्नौजे एवं सीईओ इंद्रजीत बर्मन ने प्रशिक्षण कर रहे छात्राओं से मुलाकात कर उनके पढ़ाई थ्योरी और प्रैक्टिकल, आने जाने की व्यवस्था, किसी प्रकार की सुविधा, मांग, कोर्स से संबंधित सामान्य शुगर, हीमोग्लोबिन की मात्रा एवं कोर्स की पढ़ाई आदि के बारे में पूछा गया। छात्राओं ने थ्योरी के पुराने नोट्स एवं प्रैक्टिकल के लिए अतिरिक्त समय की मांग की गई। इस पर कलेक्टर ने जिला अस्पताल में प्रैक्टिकल की सुविधा देने का आश्वासन दिया।

पाठ्यक्रम के अंतर्गत, छात्र बुनियादी नर्सिंग देखभाल प्रदान करना और बीमार रोगियों का प्रबंधन करना सीखते हैं। इस कोर्स में 4 महीने की कक्षा प्रशिक्षण और उसके बाद 2 महीने का ऑन-जॉब प्रशिक्षण शामिल है। एक जीडीए डॉक्टरों, नर्सों और अन्य स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं के साथ मिलकर काम करता है। नर्सिंग असिस्टेंट कोर्स रोगी की देखभाल के अलावा सहानुभूतिपूर्ण और नैतिक व्यवहार विकसित करने पर विशेष जोर देता है। जनरल ड्यूटी असिस्टेंट की कुछ प्रमुख जिम्मेदारियां दैनिक देखभाल प्रदान करना, रोगी के आराम, सुरक्षा और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों का ध्यान रखना है। इस कोर्स में मानव शरीर रचना विज्ञान और शरीरक्रिया विज्ञान की बुनियादी जानकारी, अस्पतालों और स्वास्थ्य सेवा प्रणाली को समझना, दृष्टिबाधित लोगों की देखभाल करना, बुनियादी नर्सिंग कौशल, चिकित्सा अपशिष्ट का निपटान, शरीर की यांत्रिकी को समझना, गिरने से बचाव संबंधी देखभाल और नियंत्रण, सामान्य स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, रेडियोथेरेपी और दबाव के घावों के लिए विशेष त्वचा देखभाल, रोगी देखभाल सहायक की भूमिका, नुस्खे के अनुसार दवाइयाँ देना, रोगी की दैनिक देखभाल, रोगी को संभालना, उठाना और स्थानांतरित करना, आपातकालीन प्राथमिक उपचार और सीपीआर आदि की पढ़ाई और प्रैक्टिकल का प्रशिक्षण दिया जाता है।


Spread the love