बरेली में हिस्ट्रीशीटर गैंग का तांडव: तौफीक प्रधान के बेटे आफताब ने साथियों संग सरेआम की चाकूबाजी…
सत्यम गौड़। फरीदपुर
बरेली में हिस्ट्रीशीटरों का खौफ एक बार फिर खुलकर सामने आया है। कुख्यात हिस्ट्रीशीटर तौफीक प्रधान के बेटे आफताब ने अपने साथियों के साथ मिलकर सरेआम चाकूबाजी की सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया। मामूली कहासुनी के बाद हुए इस जानलेवा हमले में कासिम नामक युवक गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे नाजुक हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना बारादरी थाना क्षेत्र के एजाज नगर गौटिया की बताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, आफताब और कासिम के बीच पहले कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई।आरोप है कि आफताब ने अपने साथियों को मौके पर बुलाया और फिर कासिम पर चाकू से ताबड़तोड़ वार किए। हमले के बाद कासिम लहूलुहान होकर सड़क पर गिर पड़ा।
स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायल को अस्पताल भिजवाया गया। डॉक्टरों के अनुसार कासिम की हालत गंभीर बनी हुई है। वारदात के बाद से इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस की दबिश, लेकिन आफताब फरार घटना की सूचना मिलते ही बारादरी थाना पुलिस ने जांच शुरू की।
पुलिस का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई ठिकानों पर दबिश दी गई है, लेकिन मुख्य आरोपी आफताब और उसके साथी घटना के बाद से फरार हैं। पुलिस ने दावा किया है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
हिस्ट्रीशीटर परिवार का इलाके में दबदबा…
स्थानीय लोगों का आरोप है कि हिस्ट्रीशीटर तौफीक प्रधान और उसके परिवार का इलाके में लंबे समय से दबदबा है। आए दिन धमकी, मारपीट और दबंगई की घटनाएं होती रहती हैं, लेकिन प्रभावशाली होने के कारण लोग खुलकर शिकायत करने से डरते हैं। गौरतलब है कि तौफीक प्रधान हाल ही में बारादरी थाना प्रभारी से तीखी नोकझोंक को लेकर भी सुर्खियों में रहा था। उस दौरान भी पुलिस की कार्यशैली और हिस्ट्रीशीटरों के बढ़ते हौसलों पर सवाल उठे थे।
आपराधिक विरासत अगली पीढ़ी तक…
अब बेटे आफताब द्वारा की गई इस सरेआम चाकूबाजी ने यह साफ कर दिया है कि तौफीक प्रधान की आपराधिक विरासत अगली पीढ़ी में भी तेजी से आगे बढ़ रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आफताब खुद को कानून से ऊपर समझता है और खुलेआम इलाके में घूमता है। इस घटना के बाद पुलिस प्रशासन पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। अब देखना यह है कि क्या इस बार हिस्ट्रीशीटर तौफीक प्रधान और उसके फरार बेटे आफताब पर सख्त कार्रवाई होती है, या फिर कानून का डर एक बार फिर दबंगई के आगे कमजोर साबित होगा।




