चिरपोटी गांव की सच्चाई सामने लाने निकले युवा रिपोर्टर, अकेले किया पूरा सफर
(आवाम की आवाज़ न्यूज़ भुनेश्वर निराला )
छत्तीसगढ़ के चिरपोटी गांव से एक युवा पत्रकार की मेहनत और हिम्मत की कहानी सामने आई है। रिपोर्टर लभेश घोष ने हाल ही में अकेले ही गांव की यात्रा कर वहां की जमीनी सच्चाई लोगों तक पहुंचाने की कोशिश की। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने सिर्फ अपने ट्राइपॉड, कैमरा और हिम्मत के दम पर रिपोर्टिंग की।
बताया जा रहा है कि रिपोर्टिंग के दौरान उन्होंने घंटों तक गांव में घूमकर स्थानीय लोगों से बातचीत की और उनकी समस्याओं को समझने की कोशिश की। कड़ी धूप और कठिन परिस्थितियों के बावजूद रिपोर्टर ने हार नहीं मानी और सच्चाई को सामने लाने के लिए लगातार प्रयास करते रहे।
इस पूरी यात्रा में उन्हें उनके मार्गदर्शक यशवंत साहू से प्रेरणा मिली, जिन्होंने उन्हें यह विश्वास दिलाया कि एक पत्रकार अगर ठान ले तो अकेले भी बड़ी और असरदार कहानियां लोगों तक पहुंचा सकता है।
यह रिपोर्ट सिर्फ एक खबर नहीं बल्कि पत्रकारिता के उस जज्बे की मिसाल है, जिसमें सच्चाई तक पहुंचने के लिए मेहनत, साहस और समर्पण की जरूरत होती है। चिरपोटी गांव की यह ग्राउंड रिपोर्ट अब लोगों के बीच चर्चा का विषय बन रही है और युवा पत्रकारों के लिए प्रेरणा भी बन सकती है।









