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01/05/2026

दोषमुक्ति के प्रकरणों पर समीक्षा बैठक आयोजित आईजी राम गोपाल गर्ग ने अभियोजन अधिकारियों को दिए महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश…

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बिलासपुर, 29 अप्रैल 2026।

पुलिस महानिरीक्षक बिलासपुर रेंज श्री राम गोपाल गर्ग द्वारा माह फरवरी 2026 के दोषमुक्ति (Acquittal) प्रकरणों की समीक्षा हेतु रेंज स्तरीय बैठक का आयोजन पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय के मीटिंग हॉल में किया गया।


इस महत्वपूर्ण बैठक में सुश्री निवेदिता पाल (पुलिस अधीक्षक जांजगीर), श्री आशीष झा (प्रभारी संयुक्त संचालक अभियोजन, बिलासपुर), श्री वेद प्रकाश पटेल (उप निदेशक अभियोजन, रायगढ़), श्री विवेक त्रिपाठी (उप निदेशक अभियोजन, कोरबा), श्री श्याम लाल पटेल (उप निदेशक अभियोजन, जांजगीर), श्रीमती पी.के. भगत (उप निदेशक अभियोजन, मुंगेली), श्री संजीव राय (सहायक उप निदेशक अभियोजन, पेंड्रा) तथा श्री विवेक शर्मा (उप पुलिस अधीक्षक, आईजी कार्यालय) उपस्थित रहे।


बैठक में दोषमुक्त हुए प्रकरणों की गहन समीक्षा करते हुए पाया गया कि विवेचना के दौरान होने वाली प्रक्रियात्मक त्रुटियों के कारण अभियोजन पक्ष कमजोर पड़ जाता है, जिससे आरोपियों को न्यायालय से लाभ प्राप्त होता है। इस पर आईजी श्री गर्ग ने विवेचना के स्तर को आधुनिक चुनौतियों के अनुरूप उन्नत करने के निर्देश दिए।


🔍 प्रमुख बिंदु एवं निर्देश:
▪️ दोषमुक्त प्रकरणों का विश्लेषण:
माह फरवरी 2026 में दोषमुक्त हुए प्रकरणों की सूक्ष्म समीक्षा की गई। प्रभारी संयुक्त संचालक अभियोजन श्री आशीष झा ने उन प्रमुख कमियों को चिन्हित किया, जिनका लाभ आरोपियों को मिला।


▪️ त्रुटिहीन विवेचना पर जोर:
आईजी श्री गर्ग ने निर्देशित किया कि विवेचना पूरी तरह सटीक, विधिसम्मत एवं साक्ष्य आधारित हो। अपील योग्य प्रकरणों में समय-समय पर अपील सुनिश्चित की जाए तथा अभियोग पत्र प्रस्तुत करने से पूर्व जिला अभियोजन अधिकारी से विधिवत परीक्षण कराया जाए।


▪️ ई-साक्ष्य और वीडियोग्राफी पर फोकस:
घटनास्थल की वीडियोग्राफी एवं इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के समुचित संकलन पर विशेष जोर देते हुए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।


▪️ NDPS मामलों में विशेष सतर्कता:
नशीले पदार्थों से संबंधित प्रकरणों में विधिक प्रक्रिया का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए गए, ताकि तकनीकी त्रुटियों के कारण आरोपी दोषमुक्त न हो सकें।


▪️ प्रकरणों की समीक्षा:
समीक्षा के दौरान सत्र न्यायालय के 106 तथा अन्य न्यायालयों के 709 प्रकरणों का विस्तृत विश्लेषण किया गया।


📢 आईजी का संदेश:
आईजी श्री राम गोपाल गर्ग ने रेंज के सभी विवेचकों से अपील की कि वे विवेचना के दौरान होने वाली तकनीकी एवं प्रक्रियात्मक त्रुटियों को पूरी तरह समाप्त करें। उन्होंने कहा कि साक्ष्य संकलन और विवेचना इतनी मजबूत होनी चाहिए कि न्याय प्रक्रिया में किसी प्रकार की कमी न रह जाए।


उन्होंने विश्वास जताया कि इस समीक्षा बैठक के सकारात्मक परिणाम भविष्य में देखने को मिलेंगे और इससे न केवल विवेचना की गुणवत्ता में सुधार होगा, बल्कि सजा की दर में भी वृद्धि होगी।


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