रायगढ़ में फर्जी मैट्रिमोनियल साइट के नाम पर साइबर ठगी का बड़ा खुलासा…
रायगढ़। जिले में फर्जी मैट्रिमोनियल वेबसाइट के नाम पर संचालित बड़े साइबर ठगी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए साइबर पुलिस थाना रायगढ़ ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने लोक सेवा केंद्र की आड़ में चल रहे संगठित ठगी के नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए दो संचालकों सहित कुल 26 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 55 मोबाइल फोन, 13 लैपटॉप, 2 प्रिंटर तथा तीन बैंक खातों से संबंधित दस्तावेज जब्त किए हैं। जांच में सामने आया है कि गिरोह ने देशभर के 7,693 लोगों से करीब 1 करोड़ 11 लाख 36 हजार रुपये की ठगी की है।
एसएसपी के नेतृत्व में हुई कार्रवाई
मामले की जानकारी मिलने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह ने स्वयं टीम का नेतृत्व करते हुए एडिशनल एसपी अनिल सोनी, नगर पुलिस अधीक्षक मयंक मिश्रा, साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक विजय चेलक तथा साइबर और महिला थाना की संयुक्त टीम के साथ दरोगापारा स्थित निधि परिवहन केंद्र और श्रीमती शांति देवी शिक्षा सोसायटी केंद्र में छापेमारी की।
छापेमारी के दौरान सामने आया कि केंद्र में बाहर से लाइसेंस और दस्तावेज बनाने का काम दिखाया जाता था, जबकि अंदर अलग-अलग कमरों में फर्जी दस्तावेज तैयार करना, वीडियो एडिटिंग करना और कॉल सेंटर संचालित कर युवतियों के माध्यम से लोगों को शादी के नाम पर फंसाकर पैसे वसूले जाते थे।
फर्जी प्रोफाइल और कॉल सेंटर के जरिए ठगी
गिरोह द्वारा फर्जी जीमेल आईडी, मोबाइल नंबर और यूट्यूब चैनलों के माध्यम से नकली प्रोफाइल बनाकर लोगों से संपर्क किया जाता था। इसके बाद रजिस्ट्रेशन फीस, मीटिंग फीस और अन्य बहानों से यूपीआई के माध्यम से रकम वसूली जाती थी।
पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना रायगढ़ में अपराध क्रमांक 04/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं तथा आईटी एक्ट की धारा 66C और 66D के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मुख्य आरोपी पहले चलाता था लोक सेवा केंद्र
जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी कपिल गर्ग पहले लोक सेवा केंद्र के माध्यम से आरटीओ संबंधी कार्य करता था। उसकी आईडी निरस्त होने के बाद उसने हिमांशु मेहर और अन्य सहयोगियों के साथ मिलकर यह फर्जी नेटवर्क खड़ा किया।
पुलिस को मौके से लैपटॉप में फोटोशॉप के जरिए दस्तावेजों में छेड़छाड़ के साक्ष्य तथा कई शासकीय विभागों की फर्जी सील और मुहर भी बरामद हुई हैं।
एसएसपी का संदेश
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने कहा —
“साइबर ठगी और फर्जीवाड़ा करने वाले गिरोहों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस द्वारा सख्त वैधानिक कार्रवाई की गई है। आम नागरिकों से अपील है कि किसी भी ऑनलाइन मैट्रिमोनियल या दस्तावेज संबंधी सेवा का उपयोग करते समय सतर्क रहें और संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत पुलिस को सूचना दें।”









